सोमवार, सितंबर 21

अपनी डफली अपना राग

मुंबई हमले के साजिश में सक्रिय भूमिका निभाने वाले हाफ़िज़ सईद को पाकिस्तान में उनके ही घर में नज़रबंद कर दिया गया है...ये ख़बर सुनते ही भारत के राजनेता अपनी क़ाबिलियत का ढ़िंढ़ोरा पीटने लगे... उन्होने ये दावा करना शुरू कर दिया कि उनकी कूटनीति के कारण ही सईद को नज़रबंद किया गया है... पर हक़ीक़त कुछ और है...पिछले कई महीनों से भारत 26 नवंबर को मुंबई पर हुए हमले में कथित भूमिका के लिए जमात उद दावा के प्रमुख हाफ़िज़ सईद के ख़िलाफ़ कार्रवाई की मांग करता रहा है... जमात उद दावा को प्रतिबंधित लश्करे तैबा का नया रुप माना जाता है...26 नवंबर को हुए मुंबई हमले की जल्दी ही बरसी होने वाली है..लेकिन अबतक उसके दोषियों के ख़िलाफ़ कोई ठोस कार्रवाई नहीं जा सकी है...भारत सरकार कसाब को अपने गले की घंटी बनाकर अंतर्राष्ट्रीय मंच पर इंसाफ़ के लिए दर-दर की ठोकरें खा रहा है... लेकिन उसे इंसाफ़ के नाम पर मिल रही है केवल दिलासाएं... पाकिस्तान ने अमेरिका के दबाव में आकर जिन सात लोगों को गिरफ़्तार किया है उनके ख़िलाफ़ जांच और कार्रवाई केवल कागजों में ही सिमट कर रह गई है.. जब भी पाकिस्तान पर अंतर्राष्ट्रीय दबाव पड़ता है वो उस कागज में दो-चार लाईन और जोड़ कर दबाव डालने वालों को संतुष्ट कर देता है...

हाफ़िज़ सईद को नज़रबंद करने का मामला ऐसी ही एक कोशिश है... पाकिस्तान ने अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर दिखाने के लिए सईद को उनके घर में ही नज़रबंद कर दिया है... लेकिन उसके ख़िलाफ़ जो आरोप लगाए हैं वो बेहद ही बचकाना है... दरअसल इसके पीछे पाकिस्तान का एक स्वार्थ छुपा हुआ है.. पाकिस्तान ने सईद को भड़काऊ भाषण देने के आरोप में नज़रबंद किया है...और पाक चाहता है कि ईद के मौके पर सईद कोई ऐसा भड़काऊ भाषण ना दे दें जिससे मुल्क में दंगा भड़के... लेकिन पाकिस्तान ने इस कार्रवाई को ऐसे पेश किया जैसे वो मुंबई हमला मामले के बारे में काफी गंभीरता से कार्रवाई कर रहा है... पाकिस्तान के इस फरेब को भारत के राजनेताओं ने भी सही मान लिया और जुट गए अपनी कूटनीतिक ज्ञान का बखान करने में... अगर हमारे राजनेताओं में इतना ही कूटनीतिक ज्ञान होता तो 16 जुलाई को शर्म अल शेख में पाकिस्तान के साथ जो साझा बयान जारी हुआ वो नहीं हुआ होता.. ख़ैर राजनेताओं का क्या.. वो तो अपनी डफली अपना राग के लिए मशहूर तो हैं ही... कम से हम जैसे आम लोग उनके बहकावे में ना आएं... यही हमारी सेहत के लिए ठीक रहेगा

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