खुद को आम आदमियों की सरकार बताने वाली यूपीए सरकार ने पिछलने दिनों सूखे से निपटने के लिए अनोखा ऐलान किया था.. उन्होने सूखाग्रस्त इलाकों में वित्तीय सहायता पहुंचाने के लिए अपने मंत्रियों की तनख्वाह से बीस फीसदी की कटौती करने का ऐलान किया था.. यूपीए सरकार की इस घोषणा ने उसे लोगों के बीच और मशहूर बना दिया..आम लोगों को लगने लगा कि वाकई यूपीए सरकार आम लोगों की ही सरकार है.. लेकिन हकीकत इससे बिलकुल जुदा है... यूपीए सरकार ने अपने जिन मंत्रियों की तनख्वाह में से बीस फीसदी की कटौती का ऐलान किया था उसी में से एक हैं विदेश मंत्री एस एम कृष्णा जिन्होने पिछले तीन महीने से मौर्या शेरेटन के प्रेसिडेंसियल सूट में डेरा डाला हुआ था...ये वही प्रेसिडेंसियल सूट है जहां पर कभी अमेरिका के राष्ट्रपति बिल क्लिंटन और रूस के राष्ट्रपति पुतिन रह चुके हैं...इस सुइट के बेडरूम से लेकर बाथरूम तक आलीशान हैं। हर कोने से राजमहल की रौनक नजर आती है...जाहिर है कि कृष्णा इस शानदार सुइट को क्यों छोड़ना चाहेंगे। उन्होने तो 1 त्यागराज मार्ग का सरकारी, बंगला पूर्व विदेश मंत्री नटवर सिंह वाला बंगला और तुगलक रोड वाले बंगले की पेशकश को ठुकरा दिया था। उनका मानना है कि ये बंगले उनके रहने लायक नहीं है..पर शायद उन्हे इस बात का अंदाजा नहीं है कि जिस जगह वो टिके हुए हैं उस जगह का एक दिन का भाड़ा एक लाख रुपये है..अगर पिछले तीन महीने का भाड़ा जोड़ा जाए तो ये 90 लाख रुपया बनता है.. अगर इस राशि को सूखाग्रस्त इलाके के किसानों के बीच बांट दिया जाता तो कम से कम एक सौ किसानों को राहत पहुंचाई जा सकती थी...
यूपीए सरकार के मंत्रियों की शानो शौकत यहीं ख़त्म नहीं होती इस फेरहिस्त में विदेश राज्यमंत्री शशि थरूर का नाम भी है..जो ताज पैलेस के वीआईपी सुइट में ठहरे थे..इनसे भी केरल हाउस में ठहरने की गुजारिश की गई थी... लेकिन उन्होने इस गुजारिश को ठुकरा कर तीन महीने से प्रति दिन 40 हज़ार रुपये बतौर किराया देना ज्यादा मुनासिब समझा.. भला हो वित्त मंत्री प्रणब मुखर्जी का जिन्होने सरकारी ख़जाना ख़त्म होता हुआ देख.. इन मंत्रियों को होटल छोड़ देने की मिन्नत करना शुरू कर दिया.. उनकी मिन्नते रंग लाई और आज आखिरकार इन मंत्रियों ने होटल छोड़ दिया...अब तो आप समझ ही सकते हैं कि जिस सरकार के दो वरिष्ठ मंत्रियों का ये हाल है... वो सरकार देश के वित्तीय हालात को लेकर कितनी संजीदा हो सकती है
मंगलवार, सितंबर 8
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to yah hai asaliyat धन्यवाद
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